Edited By Tanuja,Updated: 18 Feb, 2025 12:34 PM

अमेरिका ने अपनी विदेश नीति में बड़ा बदलाव करते हुए ताइवान को लेकर एक अहम बयान अपनी आधिकारिक वेबसाइट से हटा दिया, जिसमें कहा गया था कि "वाशिंगटन ताइवान ...
Washington: अमेरिका ने अपनी विदेश नीति में बड़ा बदलाव करते हुए ताइवान को लेकर एक अहम बयान अपनी आधिकारिक वेबसाइट से हटा दिया, जिसमें कहा गया था कि "वाशिंगटन ताइवान की स्वतंत्रता का समर्थन नहीं करता।" इस कदम से चीन नाराज हो गया और उसने अमेरिका पर ताइवान की स्वतंत्रता समर्थक ताकतों को "गलत संकेत" देने का आरोप लगाया।
अमेरिका ने क्या बदलाव किया?
अमेरिकी विदेश विभाग ने ताइवान से जुड़ी अपनी वेबसाइट को गुरुवार को अपडेट किया।
"हम ताइवान की स्वतंत्रता का समर्थन नहीं करते" यह वाक्य हटा दिया गया ।
ताइवान को अंतरराष्ट्रीय संगठनों में शामिल करने के संदर्भ में भी संशोधन किया गया।
पेंटागन और ताइवान की राष्ट्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी परिषद के बीच सहयोग का जिक्र जोड़ा गया।
अमेरिका का स्पष्टीकरण
अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता ने इन परिवर्तनों को "नियमित अपडेट" बताया और कहा कि यह ताइवान के साथ अमेरिका के अनौपचारिक संबंधों को स्पष्ट करने के लिए किया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका "एक चीन नीति" को लेकर अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखेगा और ताइवान जलडमरूमध्य में शांति बनाए रखने का समर्थन करेगा।
चीन की कड़ी प्रतिक्रिया
चीन ने अमेरिका की इस नीति में बदलाव को लेकर कड़ी नाराजगी जताई। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि "अमेरिका की नीति गंभीर रूप से बदल गई है" और यह "ताइवान का इस्तेमाल चीन को कमजोर करने की रणनीति" का हिस्सा है। चीन ने अमेरिका से "अपनी गलतियों को तुरंत सुधारने" की मांग की है।
बढ़ेगा अमेरिका-चीन के बीच तनाव
ताइवान को लेकर अमेरिका और चीन के बीच पहले से ही तनावपूर्ण रिश्ते हैं। ट्रंप प्रशासन के इस बदलाव से बीजिंग और वाशिंगटन के बीच तनाव और बढ़ सकता है । चीन पहले ही ताइवान के स्वतंत्रता समर्थक नेताओं और संगठनों पर कार्रवाई कर रहा है, जबकि अमेरिका अपनी "रणनीतिक अस्पष्टता" नीति के तहत ताइवान को सैन्य और कूटनीतिक समर्थन देता रहा है।