Edited By Ashutosh Chaubey,Updated: 24 Mar, 2025 04:18 PM
भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) जल्द ही अपने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष की घोषणा कर सकती है। वर्तमान अध्यक्ष जेपी नड्डा का कार्यकाल 2023 में समाप्त हो चुका था, लेकिन लोकसभा चुनाव 2024 के मद्देनजर उन्हें एक्सटेंशन दिया गया था। अब जब वह केंद्रीय स्वास्थ्य...
नेशनल डेस्क: भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) जल्द ही अपने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष की घोषणा कर सकती है। वर्तमान अध्यक्ष जेपी नड्डा का कार्यकाल 2023 में समाप्त हो चुका था, लेकिन लोकसभा चुनाव 2024 के मद्देनजर उन्हें एक्सटेंशन दिया गया था। अब जब वह केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के रूप में कार्यभार संभाल चुके हैं, तो पार्टी नए अध्यक्ष की तलाश में जुट गई है। फिलहाल संसद का बजट सत्र चल रहा है, जो 4 अप्रैल तक चलेगा। इसलिए यह तय हो गया है कि 4 अप्रैल से पहले नए अध्यक्ष की घोषणा की संभावना कम है। 18 से 20 अप्रैल को बेंगलुरु में बीजेपी की नेशनल एग्जीक्यूटिव काउंसिल की बैठक होने वाली है, और माना जा रहा है कि इससे पहले नए अध्यक्ष का ऐलान कर दिया जाएगा। यानी, 4 अप्रैल से 17 अप्रैल के बीच किसी भी समय बीजेपी को नया अध्यक्ष मिल सकता है। इसमें भी सबसे प्रबल दावेदार वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को माना जा रहा है।
प्रमुख दावेदार निर्मला सीतारमण
बीजेपी अध्यक्ष पद की दौड़ में कई नाम चल रहे हैं, लेकिन सबसे अधिक चर्चा में हैं—निर्मला सीतारमण की हैं।
निर्मला सीतारमण: पहली महिला अध्यक्ष बनने का मौका?
65 वर्षीय निर्मला सीतारमण वर्तमान में केंद्रीय वित्त मंत्री हैं और 2019 से वित्त मंत्रालय की जिम्मेदारी संभाल रही हैं। उन्होंने 2014 में भी मोदी कैबिनेट में जगह बनाई थी और बाद में रक्षा मंत्री बनी थीं। निर्मला सीतारमण तमिलनाडु से आती हैं और दक्षिण भारत में बीजेपी के विस्तार के लिए उनके अध्यक्ष बनने को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वर्तमान में परिसीमन को लेकर बहस चल रही है, जिसमें दक्षिण भारत की राजनीतिक पार्टियां विरोध जता रही हैं। बीजेपी इस क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत करना चाहती है, और ऐसे में निर्मला सीतारमण का नाम अहम हो सकता है। इसके अलावा, अगर निर्मला सीतारमण अध्यक्ष बनती हैं, तो वह बीजेपी की पहली महिला अध्यक्ष होंगी, जो पार्टी के लिए ऐतिहासिक होगा। पीएम मोदी का उन पर भरोसा मजबूत है, जो उनके लगातार वित्त मंत्रालय संभालने से भी स्पष्ट होता है।
बीजेपी के लिए नया अध्यक्ष क्यों जरूरी?
बीजेपी के पास फिलहाल दक्षिण भारत में कोई राज्य सरकार नहीं है। पार्टी कर्नाटक में सत्ता गंवा चुकी है और तमिलनाडु व तेलंगाना में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है। वहीं, 2024 के लोकसभा चुनाव के बाद पार्टी संगठन को और मजबूत करने की जरूरत है। ऐसे में पार्टी को एक कुशल और मजबूत अध्यक्ष की जरूरत है, जो इसे नई ऊंचाइयों तक ले जा सके।
नए अध्यक्ष का नाम जल्द होगा घोषित
बीजेपी का अगला अध्यक्ष कौन होगा, इसका ऐलान जल्द हो सकता है। 4 अप्रैल से 17 अप्रैल के बीच इसकी घोषणा की पूरी संभावना है। अब देखना यह होगा कि बीजेपी अपने पहले महिला अध्यक्ष के रूप में निर्मला सीतारमण को मौका देती है या फिर अनुभवी संगठनकर्ता भूपेंद्र यादव को यह जिम्मेदारी सौंपी जाती है।